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विद्युत रोधक क्या है? (What is Insulator in hindi)

नमस्कार दोस्तों इस लेख में हम जानेंगे कि विद्युत रोधक (Insulator) क्या है? तथा इनके अभिलक्षण क्या-क्या होते हैं? तथा यह कितने के प्रकार होते हैं? तथा इससे जुड़े हुए अनेक तथ्यों के बारे में जानेंगे।

विद्युत रोधक (Insulator)

शिरोपरि लाइनों के चालकों को खम्भों (poles) से पृथक् रखने के लिये खम्भों (poles) और चालकों के मध्यम इन्सुलेटर्स का उपयोग किया जाता है।

विद्युत रोधक के अभिलक्षण (Characteristics of insulator)

  1. अधिक यान्त्रिक सामर्थ्य (High mechanical strength)
  2. उच्च परावैद्युत सामर्थ्य (High Dielectric strength)
  3. विद्युत रोधक पदार्थ की उच्च प्रतिरोधकता (High resistivity)
  4. ताप परिवर्तन से अप्रभावित
  5. छिद्रमुक्त विद्युत रोधक प्रभाव
  6. नमी एवं वायुमण्डलीय गैसों से अभेद्य
  7. निम्न मूल्य

विद्युत रोधक के प्रारूप (Types of insulator)

  1. पिन इन्सुलेटर (Pin insulator)
  2. झूला टाइप इन्सुलेटर (Suspension types insulator)
  3. स्ट्रेन टाइप इन्सुलेटर (Strain type insulator)
  4. शेकल इन्सुलेटर (Shackle insulator)

पिन इन्सुलेटर (Pin insulator)

यह इन्सुलेटर एक जस्तेदार इस्पात की चूड़ीदार पिन पर लगाया जाता है। यह पिन खम्भे की आर्म पर लगाई जाती है। विद्युत रोधक को पिन के साथ जोड़ने हेतु विद्युत रोधक के छिद्र में सीसे की बनी चुड़ीदार नली फंसाई जाती है। इन्सुलेटर के शिखर पर बने खांचे में लाइन को उसी धातु के बने 14.S.W.G. (3.237 वर्ग मि. मि.) तार से बांध देते हैं।

कम वोल्टेज पर उपयोग हेतु एकल खण्ड (Single piece) पिन इन्सुलेटर अभिकल्प किये जाते हैं और धारा क्षरण रोकने हेतु इन पर दो या तीन शेड बनाकर क्षरण मार्ग बढ़ा दिया जाता है। उच्च वोल्टताओं जैसे 66 KV हेतु इन्सुलेटर में तीन sheds की संरचना तीन पृथक-पृथक खण्डों में डिजाइन की जाती है।

अधिक उच्च वोल्टेज के लिए इन्सुलेटर केवल 11000 Volt तक की उपयोग किये जाते हैं।

झूला टाइप इन्सुलेटर (Suspension types Insulator)

आजकल 1100 volt से अधिक वोल्टताओं की लाइनों हेतु झूला प्रारुपी इन्सुलेटर, माला (string) के रूप में उपयोग किये जाते हैं। विद्युत लाइन के चालकों को सर्पोट बिंदु के नीचे झूला इन्सुलेटर माला द्वारा लटकाया जाता है। झूला इन्सुलेटर चक्रिकाओं (discs) को एक दूसरी से जोड़कर माला बनाते हैं। प्रत्येक चक्रिका (disc) 1100 वोल्ट हेतु अभिकल्पित होती है।

झूला इन्सुलेटर के दो प्रकार होते हैं –

  1. केप एवं पिन टाइप (cap and pin types)
  2. हैबलेट्ट टाइप झूला विद्युत रोधक डिस्क

स्ट्रेन टाइप इन्सुलेटर (Strain type insulator) –

स्ट्रेन टाइप इन्सुलेटर, लाइन के अन्तस्थ सिरे (terminating end) पर लाइन के चालकों के प्रतिबलों को सहते हैं।

शेकल इन्सुलेटर (Sheckle insulator) –

230 एवं 400 वोल्ट तक की निम्न वोल्टेज शिरोपरि लाइनों हेतु उपयोगी हैं।

माला दक्षता (String Efficiency) –

η = (Spark voltage for whole string)/No. Of Disc in string × Spark voltage for one disc

प्रतिशत दक्षता प्राप्त करने हेतु उपर्युक्त सूत्र को 100 से गुणा कर देते हैं।

E/me × 100

आर्किंग हार्न (Arcing Horn)

यह धातु की बनी छड़े होती है जिनका एक भाग क्लैम्प (Clamp) के साथ तथा दूसरा श्रृंग की भांति मुड़ा हुआ भाग हवा में रहता है (चित्र में)। इस प्रकार की दो संरचनाओं विद्युत रोधक (Insulator) के शिखर तथा निम्नतम भागों पर ऐसी विधि से प्रदान की जाती है कि दोनों हार्न के हवा में रहने वाले भाग एक दूसरे की ठीक सीध में रहे ताकि दोनों के मध्य न्यूनतम अन्तराल रहे। आर्किंग हार्न का शिखर पर लगा हुआ भाग भू-संपर्कित (Earthing) तथा दूसरा चालक विभव पर होता है। अधिक वोल्टता होने पर आर्किंग के माध्यम से आर्क पूर्ण हो जाता है और विद्युत रोधक (Insulator) सुरक्षित रहता है।

Arching horn
Arching horn

विद्युत रोधक (Insulator) किसे कहते हैं?

वह वस्तु जिनमें विद्युत धारा (Electric current) का प्रवाह नहीं होता है विद्युत रोधक कहलाता है।

विद्युत रोधक कितने प्रकार के होते हैं?

विद्युत रोधक चार प्रकार के होते हैं।

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